गुस्सा एक ऐसा शब्द है जिससे कोई भी इंसान अछूता नहीं रहता। हर किसी को गुस्सा आता ही है, चाहे वो बड़ा हो या बुजुर्ग। यहां तक कि बच्चों को भी उतना ही गुस्सा आता है जितना कि बड़ों को। तो ऐसे में आप उन्हें डाटने की बजाए कुछ ऐसा करें कि बच्चे का गुस्सा भी शांत हो जाए और आपकी बात भी रह जाए। तो चलिए जानते हैं उन आदतों के बारे में ।

अगर आपका बच्चा जिद्दी है और बार-बार उसे गुस्सा आता है तो इस बात को अनदेखा ना करें क्योंकि वो बाद में दोनों के लिए ही मुसीबत बन सकता है। इसलिए पहले आप समझें कि उसे गुस्सा किसी बात पर आ रहा है। उससे बात करिए और पूछिए कि आखिर वो ऐसा क्यों कर रहा है। हो सकता है कि बच्चे को आपके साथ बैठने और खेलने के लिए आपका टाइम चाहिए।

कई पैरेंट्स अपने काम में इतने व्यस्त हो जाते हैं कि वो अपने बच्चे को थोड़ा भी समय नहीं दे पाते। इसके वजह से भी बच्चा चिड़चिड़ा और गुस्सैल हो सकता है। दूसरा कारण ये भी है कि कुछ बच्चे मोबाइल और टीवी अधिक देखते हैं, जिस पर उन्हें डांटने के बाद वो गु्स्सा हो जाते हैं और जिद करने लगते हैं। तो इस पर आप बच्चे पर चिल्लाने की जगह उन्हें बैठाकर समझाएं और बहला-फुसलाकर उसे बुरी आदतों से दूर करें।